जगदलपुर। बस्तर के प्रवेश द्वार आमागुड़ा क्षेत्र को ‘ग्रीन गेटवे’ के रूप में विकसित करने की दिशा में एक बड़ी पहल की गई है। ‘एक पेड़ माँ के नाम’ और ‘हरित राष्ट्रीय राजमार्ग’ अभियान के तहत राष्ट्रीय राजमार्ग के डिवाइडर और सड़क किनारे लगभग 2 किलोमीटर के दायरे में 2,700 से अधिक पौधे लगाए गए।

इस पौधारोपण कार्यक्रम में प्रदेश के उपमुख्यमंत्री अरुण साव, वन मंत्री केदार कश्यप, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया।
प्रमुख बिंदु एवं प्रवक्ताओं के संदेश
- उपमुख्यमंत्री अरुण साव:
- बस्तर अब नक्सल मुक्त हो चुका है और यहाँ बड़ी संख्या में पर्यटक बस्तर की नैसर्गिक खूबसूरती देखने आ रहे हैं।
- जगदलपुर के प्रवेश द्वार पर यह हरियाली शहर की सुंदरता में चार-चांद लगाएगी।
- हाल ही में आयोजित कैबिनेट बैठक में युवाओं के लिए रोजगार, कौशल विकास और नवाचार को बढ़ावा देने हेतु ‘मुख्यमंत्री स्टार्टअप’ और ‘NIPUN मिशन’ को मंजूरी दी गई है। इसका उद्देश्य युवाओं को ‘जॉब-सीकर’ के बजाय ‘जॉब-क्रिएटर’ बनाना है।
- वन मंत्री केदार कश्यप:
- वन विभाग और जगदलपुर नगर निगम की संयुक्त पहल से ‘ग्रीन बस्तर’ के लक्ष्य को पूरा करने के लिए यह रोपण किया गया है।
- इस मार्ग से गुजरने वाले पर्यटकों को बस्तर की हरियाली का अनुभव होगा और इससे स्थानीय पर्यावरण भी स्वच्छ रहेगा।