जगदलपुर। शहर के प्रसिद्ध लागू वाटिका में आयोजित गरबा महोत्सव के दौरान बीती देर रात अचानक माहौल गर्मा गया। देखते ही देखते गरबा का रंगीन उत्सव हंगामे और हिंसक झड़प में बदल गया। आयोजन स्थल पर देर रात कुछ युवाओं के समूहों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई, जिसने जल्द ही भीषण मारपीट का रूप ले लिया।
क्या है पूरा मामला?
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गरबा कार्यक्रम अपने शबाब पर था और बड़ी संख्या में शहरवासी व युवा गरबा रास का आनंद ले रहे थे। इसी बीच देर रात अज्ञात कारणों से कुछ युवकों के बीच आपस में बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के बीच लात-घूंसे चलने लगे।
अचानक हुए इस हंगामे और मारपीट से पंडाल में अफरा-तफरी का माहौल निर्मित हो गया। गरबा देखने आई महिलाओं, बच्चों और परिवारों में डर का माहौल बन गया और वे अपनी सुरक्षा के लिए इधर-उधर भागने लगे।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
शहर के बीचों-बीच स्थित लागू वाटिका में इस तरह के बड़े आयोजन में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम न होने को लेकर अब सवाल उठ रहे हैं। घटना के दौरान आयोजन स्थल पर अफरा-तफरी मचने के बाद आयोजकों व बाउंसरों ने स्थिति को संभालने की कोशिश की, लेकिन हंगामा काफी देर तक जारी रहा।
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है: “कार्यक्रम बहुत अच्छे माहौल में चल रहा था, लेकिन देर रात अचानक हुई मारपीट ने पूरे उत्सव का मजा किरकिरा कर दिया। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम होने चाहिए थे ताकि असामाजिक तत्व ऐसे आयोजनों में बाधा न डाल सकें।”
पुलिस मामले की जांच में जुटी
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस अब आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और घटना में शामिल उपद्रवियों की पहचान करने में जुटी है। मारपीट में शामिल युवकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बात कही जा रही है।
शहरवासियों ने मांग की है कि त्योहारों के इस सीजन में गरबा स्थलों और सार्वजनिक आयोजनों में पुलिस गश्त और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
