जगदलपुर । भिलाई में लोहा चोरी का मामला अभी शांत भी नही हुआ है और बस्तर से लोह अयस्क की चोरी का मामला सामने आया है….जहाँ बस्तर में बैलाडीला से लेकर रायपुर तक लोह अयस्क तस्करी का बड़ा कारोबार चल रहा है तस्करों के हौसले इतने बुलंद हैं कि वह एनएमडीसी साइडिंग से लेकर खदानों तक से पुलिस माइनिंग जांच से बचते हुए चोरी कर रहे हैं जगदलपुर में भी ऐसा ही मामला सामने आया है जिसने इस रैकेट को ना केवल बेनकाब किया है बल्कि यह भी उजागर किया है कि कैसे सरकारी सिस्टम का फायदा ट्रांसपोर्टर और तस्कर उठा रहे हैं..।
इस ट्रांसपोर्टर को करीब 31.5 टन लोह अयस्क जिसे सी एल ओ कहा जाता है इसे लेकर सिर्फ 10 किलोमीटर दूर एनएमडीसी स्टील प्लांट जाना था… जहां एनएमडीसी के ही कमर्शियल विभाग के अधिकारी इस माल को रिसीव करते हैं और इससे स्टील प्लांट में इस्पात बनाया जाता है
रोजाना की तरह ट्रांसपोर्टर की कई गाड़ियां एनएमडीसी स्टील प्लांट तक यह परिवहन का काम करती हैं लेकिन गाड़ी नंबर…CG 12 S 5895……… रैक प्वाइंट्स से निकली तो जरूर लेकिन दूसरी गाड़ियों की तरह एनएमडीसी स्टील प्लांट की जगह यह माल आयरन ओर तस्कर के निजी बाड़े तक पहुंच गया ..
