रायपुर । भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) छत्तीसगढ़ में अपने संगठनात्मक ढांचे को और अधिक सक्रिय, चुस्त और चुनावी रूप से सक्षम बनाने के लिए एक व्यापक रणनीति पर काम कर रही है। केंद्रीय नेतृत्व के निर्देशों का पालन करते हुए, राज्य इकाई ने प्रदेश स्तर से लेकर बूथ स्तर तक बैठकों और समीक्षाओं का एक नियमित कैलेंडर तैयार किया है।
राष्ट्रीय कार्यसमिति के बाद प्रदेश कार्यसमिति
बीजेपी के संगठनात्मक नियमों के तहत, राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक संपन्न होने के ठीक बाद ही राज्य स्तर पर बीजेपी प्रदेश कार्यसमिति की बैठक आयोजित की जाएगी। इसका मुख्य उद्देश्य केंद्रीय नेतृत्व द्वारा तय किए गए नीतिगत निर्णयों, राजनैतिक प्रस्तावों और आगामी कार्ययोजनाओं को राज्य के धरातल पर उतारना है।
संगठन विस्तार और कार्ययोजना के मुख्य बिंदु
नियमित बैठकों का समयबद्ध कैलेंडर: संगठन के सुचारू संचालन के लिए हर तीन महीने में प्रदेश कार्यसमिति की बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाएगी। इसके साथ ही मंडल और जिला स्तर पर भी समीक्षा बैठकों का दौर नियमित रूप से चलेगा।
बूथ मजबूती और संगठन विस्तार: आगामी बैठकों का प्राथमिक फोकस प्रत्येक मतदान केंद्र (बूथ) को सशक्त बनाना है। बूथ स्तर पर नए सदस्यों को जोड़ने और मतदाताओं से सीधा संवाद स्थापित करने के लिए विशेष रणनीति तैयार की जा रही है।
आगामी चुनावों का मंथन: प्रदेश और जिला स्तरीय बैठकों में आगामी राजनैतिक चुनौतियों और चुनावों को ध्यान में रखते हुए रणनीतिक मंथन किया जाएगा। इसमें राज्य सरकार की योजनाओं और केंद्र की जनकल्याणकारी नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने का खाका तैयार होगा।
नियमित समीक्षा बैठकों और नए कार्यकर्ताओं के संयोजन से बीजेपी का लक्ष्य छत्तीसगढ़ के हर जिले और मंडल में अपनी जमीनी पकड़ को अभेद्य बनाना है।
