डेस्क । कलेक्ट्रेट परिसर में उस समय अजीब स्थिति देखने को मिली, जब एक पीड़ित परिवार अपनी समस्याओं का समाधान न होने पर अनोखे अंदाज में विरोध जताने पहुंचा। लंबे समय से प्रशासनिक स्तर पर सुनवाई नहीं होने से आजिज आकर आवेदक अपने मवेशियों को लेकर सीधे कलेक्ट्रेट परिसर जा पहुंचा और वहां मवेशी बांधकर अपना आक्रोश व्यक्त किया।
भारतमाला परियोजना के अधिग्रहण से जुड़ा है मामला
मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरा विवाद भारतमाला परियोजना के तहत मकान और जमीन के अधिग्रहण से जुड़ा हुआ है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि परियोजना के दायरे में उनकी जमीन और मकान तो आ गए, लेकिन उन्हें समय पर उचित मुआवजा नहीं मिल पा रहा है।
मुआवजे के अलावा बिजली मीटर से जुड़ी समस्याओं को लेकर भी परिवार लंबे समय से कार्यालयों के चक्कर काट रहा है, जिससे उन्हें भारी मानसिक और आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

अधिकारियों से गुहार के बाद भी नहीं हुई सुनवाई
पीड़ित परिवार का दावा है कि उन्होंने इस गंभीर समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों के सामने कई बार गुहार लगाई और लिखित शिकायतें भी दर्ज कराईं, लेकिन हर बार उन्हें सिर्फ आश्वासन ही मिले। प्रशासनिक स्तर पर लगातार हो रही अनदेखी और सुनवाई न होने से तंग आकर परिवार ने यह अनोखा कदम उठाया।
कलेक्ट्रेट परिसर में मवेशी बांधकर विरोध जताने वाले इस परिवार का साफ कहना है कि जब तक उनकी समस्याओं का संतोषजनक समाधान और न्याय नहीं मिलता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। इस अनोखे प्रदर्शन ने एक बार फिर प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।